
रायपुर: छत्तीसगढ़ राज्य गठन के 25 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर युवाओं की प्रतिभा को प्रोत्साहित करने, उनकी आकांक्षाओं को समझने और राष्ट्र निर्माण में उनकी भागीदारी सुनिश्चित करने के उद्देश्य से छत्तीसगढ़ राज्य युवा आयोग एवं जिला प्रशासन कोरबा द्वारा आज पंडित जवाहरलाल नेहरू सभागार में ‘युवा उड़ान 2026’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया। प्रदेश के वाणिज्य, उद्योग, श्रम, आबकारी एवं सार्वजनिक उपक्रम मंत्री श्री लखन लाल देवांगन के मुख्य आतिथ्य में आयोजित इस कार्यक्रम में युवाओं को शिक्षा, रोजगार, कौशल विकास, खेल एवं व्यक्तित्व निर्माण के अवसरों का लाभ उठाकर विकसित भारत के संकल्प को साकार करने के लिए प्रेरित किया गया। कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों, शिक्षण संस्थानों के प्राध्यापकों तथा स्कूल, कॉलेज, आईटीआई और लाइवलीहुड से जुड़े छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की।
कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ राज्य युवा आयोग के अध्यक्ष श्री विश्वविजय सिंह तोमर, महापौर श्री संजूदेवी राजपूत, जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. पवन सिंह, सभापति श्री नूतन सिंह ठाकुर, कलेक्टर श्री कुणाल दुदावत, निगम आयुक्त श्री आशुतोष पाण्डेय, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री प्रतीक जैन, श्री गोपाल मोदी सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
चुनावी प्रक्रिया में संसाधनों की बचत से विकास कार्यों को मिलेगी गति – मंत्री लखन लाल देवांगन
मुख्य अतिथि उद्योग मंत्री श्री लखन लाल देवांगन ने अपने संबोधन में युवाओं से सकारात्मक सोच, विवेक और दृढ़ संकल्प के साथ आगे बढ़ने तथा किसी भी भ्रामक सूचना या बहकावे में आए बिना देश एवं प्रदेश के विकास में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि ‘एक राष्ट्र, एक चुनाव’ की अवधारणा चुनावी खर्च कम करने तथा बार-बार लागू होने वाली आदर्श आचार संहिता के कारण विकास कार्यों में आने वाली बाधाओं को कम करने में सहायक हो सकती है। चुनावी प्रक्रिया में प्रशासनिक अमले और सरकारी संसाधनों के लंबे समय तक व्यस्त रहने से जनकल्याणकारी योजनाओं एवं विकास कार्यों की गति प्रभावित होती है। संसाधनों का बेहतर उपयोग कर विकास की प्रक्रिया को गति देना और वर्ष 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के लक्ष्य की दिशा में आगे बढ़ना आवश्यक है।
मंत्री श्री देवांगन ने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना सहित विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के माध्यम से प्रत्येक परिवार को आवास, शौचालय, पेयजल और बिजली जैसी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने के प्रयास किए जा रहे हैं। केंद्र एवं राज्य सरकार युवाओं को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और रोजगार के अवसर प्रदान करने के लिए निरंतर कार्य कर रही हैं। युवाओं को इन अवसरों का लाभ उठाते हुए अपनी क्षमता का विकास करना चाहिए और मेहनत के बल पर अपने लक्ष्य हासिल करने चाहिए।
कोरबा जिले में जिला खनिज न्यास (डीएमएफ) के माध्यम से शिक्षा एवं अधोसंरचना के क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों की आर्थिक परिस्थितियां उनकी उच्च शिक्षा में बाधा न बनें, इसके लिए सहायता उपलब्ध कराने के प्रयास किए जा रहे हैं। आंगनबाड़ी केंद्रों, विद्यालयों, छात्रावासों एवं महाविद्यालय भवनों के निर्माण और मरम्मत के साथ महाविद्यालयों में सांस्कृतिक एवं अन्य गतिविधियों के लिए डोम निर्माण की पहल की जा रही है। जिले में मेडिकल कॉलेज की शुरुआत तथा सड़क एवं रेल संपर्क के विस्तार जैसे विकास कार्य कोरबा के भविष्य को मजबूत आधार प्रदान करेंगे। उन्होंने युवाओं से इन अवसरों का सदुपयोग कर प्रदेश और देश की प्रगति में सहभागी बनने की अपील की।
इस अवसर पर मंत्री श्री देवांगन ने प्रियदर्शिनी इंदिरा स्टेडियम परिसर स्थित राजीव गांधी ऑडिटोरियम के नवीनीकरण के लिए जिला खनिज न्यास (डीएमएफ) से 2 करोड़ रुपये की स्वीकृति की घोषणा की। इस पहल से जिले में कार्यक्रमों, सांस्कृतिक गतिविधियों एवं अन्य आयोजनों के लिए उपलब्ध सुविधाओं को बेहतर बनाने में मदद मिलेगी।
’सेवा, संस्कार और निरंतर परिश्रम ही युवा शक्ति की असली पहचान – श्री विश्वविजय सिंह तोमर’
छत्तीसगढ़ राज्य युवा आयोग के अध्यक्ष श्री विश्वविजय सिंह तोमर ने युवाओं से संवाद करते हुए कहा कि युवा होने की पहचान केवल उम्र या वेशभूषा से नहीं, बल्कि विचारों, कर्मों और समाज के प्रति जिम्मेदारी से होती है। सच्चा युवा वह है जो गिरे हुए व्यक्ति को उठाए, जरूरतमंद का सहारा बने, सेवा को अपना धर्म माने तथा नारी शक्ति, माता-पिता और बड़ों का सम्मान करे। कथनी और करनी में समानता रखते हुए देशसेवा को जीवन का उद्देश्य बनाना ही युवा शक्ति का वास्तविक परिचय है।
उन्होंने कहा कि युवा देश की सबसे बड़ी ताकत हैं और उनके विचार तथा सुझाव शासन की युवा नीति को अधिक प्रभावी बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। कार्यक्रम में युवाओं को उपलब्ध कराए गए सुझाव-पत्रों के माध्यम से वे अपनी आवश्यकताओं, समस्याओं और विचारों को साझा करें। प्राप्त सुझावों पर विचार कर उपयुक्त प्रस्तावों को युवा नीति में शामिल करने का प्रयास किया जाएगा।
श्री तोमर ने स्वामी विवेकानंद के संदेश, “उठो, जागो और तब तक मत रुको जब तक लक्ष्य की प्राप्ति न हो”, का स्मरण कराते हुए कहा कि सफलता का कोई शॉर्टकट नहीं होता। निरंतर परिश्रम, आत्मविश्वास और अपनी कमियों को पहचानकर उन्हें दूर करने का प्रयास ही प्रगति का मार्ग प्रशस्त करता है। उन्होंने प्रेरक संदेश देते हुए कहा, “राजा का बेटा ही राज करेगा, यह जरूरी नहीं; अपनी मेहनत से हर युवा अपना मुकाम बना सकता है।” उन्होंने युवाओं को अपनी परिस्थितियों से निराश होने के बजाय दृढ़ संकल्प के साथ आगे बढ़ने की प्रेरणा दी।
प्रदेश की बेटियों की खेल उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए उन्होंने पाली क्षेत्र की कबड्डी खिलाड़ी संजू देवी और राजनांदगांव की ज्ञानेश्वरी का उदाहरण दिया। उन्होंने बताया कि संजू देवी भारतीय महिला कबड्डी टीम की विश्व कप विजेता सदस्य रही हैं। विश्व कप की उपलब्धि पर उन्हें 50 लाख रुपये तथा एशियन गेम्स में स्वर्ण पदक जीतने पर 51 लाख रुपये की प्रोत्साहन राशि दिए जाने की जानकारी भी साझा की। उन्होंने कहा कि प्रदेश की बेटियां विभिन्न क्षेत्रों में अपनी प्रतिभा से नई पहचान बना रही हैं और युवाओं को इन उपलब्धियों से प्रेरणा लेनी चाहिए। पतंग और चकरी का उदाहरण देते हुए श्री तोमर ने युवाओं से कहा कि वे शिक्षा, रोजगार और सफलता के लिए देश-विदेश में आगे बढ़ें, लेकिन अपने माता-पिता, परिवार, गांव, संस्कृति और विरासत से जुड़े रहें। उन्होंने युवाओं से सूचना की सत्यता परखने, सकारात्मक दृष्टिकोण अपनाने तथा शिक्षा, कौशल, खेल और रचनात्मक कार्यों के माध्यम से राष्ट्र निर्माण में योगदान देने की अपील की।
युवाओं की प्रतिभा को अवसर और संसाधन उपलब्ध कराना जिला प्रशासन की प्राथमिकता – कलेक्टर श्री कुणाल दुदावत’
कलेक्टर श्री कुणाल दुदावत ने कहा कि ‘युवा उड़ान 2026’ की वास्तविक शक्ति यहां उपस्थित विद्यार्थी और युवा हैं। विकसित भारत के निर्माण में युवाओं की भागीदारी निर्णायक होगी। उन्होंने ‘एक राष्ट्र, एक चुनाव’ की अवधारणा का उल्लेख करते हुए कहा कि चुनावी प्रक्रिया में लगने वाले समय, धन और प्रशासनिक संसाधनों का बेहतर उपयोग विकास कार्यों को गति देने में सहायक हो सकता है।
उन्होंने कहा कि भारत के पास विशाल युवा शक्ति है। युवाओं को अपनी क्षमताओं पर विश्वास रखते हुए चुने हुए क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन का लक्ष्य निर्धारित करना चाहिए। जापान और जर्मनी का उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा कि अनुशासन, परिश्रम और मजबूत कार्यसंस्कृति के बल पर देश कठिन परिस्थितियों से उबरकर प्रगति कर सकते हैं। कोरबा जिले के युवाओं ने राजनीति, प्रशासन, खेल और अन्य क्षेत्रों में अपनी प्रतिभा साबित की है। अब आवश्यकता है कि इन उपलब्धियों को व्यापक स्तर पर पहुंचाने के लिए युवाओं को उचित मार्गदर्शन, प्रशिक्षण और अवसर उपलब्ध कराए जाएं।
कलेक्टर ने बताया कि छत्तीसगढ़ शासन युवाओं को योग्यता के अनुरूप अवसर उपलब्ध कराने तथा भर्ती प्रक्रियाओं में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की दिशा में प्रयासरत है। जिले में उच्च शिक्षा को प्रोत्साहित करने के लिए जिला खनिज न्यास के माध्यम से स्वामी विवेकानंद शिक्षा प्रोत्साहन योजना संचालित की जा रही है। इसके अंतर्गत पात्र विद्यार्थियों की आर्थिक स्थिति उच्च शिक्षा में बाधा न बने, इसके लिए सहायता प्रदान की जा रही है। साथ ही, दिशा पहल के तहत मेडिकल एवं इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षाओं की निःशुल्क आवासीय कोचिंग शुरू की जा रही है। विद्यार्थियों को अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए भी बेहतर अवसर उपलब्ध कराने पर कार्य किया जा रहा है।
खेलों को करियर निर्माण और व्यक्तित्व विकास का महत्वपूर्ण माध्यम बताते हुए उन्होंने कहा कि कोरबा को खेलों के मॉडल शहर के रूप में विकसित करने के लिए आवश्यक अधोसंरचना तैयार की जा रही है। शासकीय पीजी कॉलेज में सिंथेटिक एथलेटिक ट्रैक, इंदिरा प्रियदर्शिनी स्टेडियम के उन्नयन तथा आदिवासी बालक एवं बालिका खेल परिसर के विस्तार सहित विभिन्न खेल सुविधाओं से जुड़े प्रस्तावों पर कार्य किया जा रहा है। इन प्रयासों का उद्देश्य जिले के खिलाड़ियों को बेहतर प्रशिक्षण, संसाधन और आगे बढ़ने के अवसर उपलब्ध कराना है।
कलेक्टर ने विद्यार्थियों से अपने लक्ष्य स्पष्ट रखने, नियमित परिश्रम करने और उपलब्ध अवसरों का अधिकतम लाभ उठाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन युवाओं को शिक्षा, करियर मार्गदर्शन, कौशल विकास और खेल के क्षेत्र में सहयोग प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है।
युवाओं और स्काउट-गाइड के विद्यार्थियों का सम्मान, राष्ट्र निर्माण में भागीदारी का संदेश
कार्यक्रम के दौरान युवाओं में उत्साह और सकारात्मक ऊर्जा का संचार देखने को मिला। विभिन्न महाविद्यालय के प्राध्यापकों द्वारा एक राष्ट्र एक चुनाव, केंद्र व राज्य सरकार की योजनाओं , विकसित भारत विकसित छत्तीसगढ़ की संकल्पना में युवाओं के योगदान पर अपने व्याख्यान प्रस्तुत किए।
विभिन्न शैक्षणिक एवं प्रशिक्षण संस्थानों से पहुंचे विद्यार्थियों ने कार्यक्रम में सहभागिता करते हुए युवा शक्ति, शिक्षा, रोजगार, कौशल विकास और राष्ट्र निर्माण से जुड़े विचारों को सुना। युवाओं को अपनी प्रतिभा निखारने, सामाजिक दायित्वों के प्रति सजग रहने और उपलब्ध अवसरों का उपयोग कर आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया गया।
इस अवसर पर स्काउट-गाइड के छात्र-छात्राओं सहित उपस्थित युवाओं को उपहार भेंटकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में युवाओं को अपने विचार साझा करने, शासन की युवा नीति से जुड़ने और विकास की प्रक्रिया में सक्रिय भागीदारी निभाने का अवसर प्रदान किया।



